सही सलाह से गर्भवती सीमा अब स्वस्थ है….
देश ने खूब तरक्की कर ली, विज्ञान ने जीवन को सरल बना दिया हर बीमारी का ईलाज ढूढ़ निकाला लेकिन आज भी मानसिक सोच से निजात नहीं दिला पाया है। यही वजह है कि लोगों पर कहे-सुने का असर पड़ ही जाता है। ऐसी ही एक घटना है सिंगरौली जिला ब्लॉक बैढ़न के ग्राम परसौना की सिंगरौली की। यहां एक महिला सीमा यादव नई-नई शादी करके आईं उनके ससुरालवालों की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है। परिवार किसानी करता है। शादी के कुछ समय बाद सीमा गर्भवती हुई इससे उसके परिवारवाले बहुत खुश हुए लेकिन मां बनना इतना आसान भी तो नहीं हैं इस यात्रा की अपनी दुश्वारियां हैं। कुछ समय बीतने के बाद सीमा की तबीयत खराब रहने लगी उसके सेहत गिरने लगी। यह देखकर परिवारवाले चिंतित हुए और वे सीमा को एक ओझा के पास ले गए। ओझा ने बताया कि सीमा पर जादू-टोना हुआ यह सुनकर परिवारवाले चिंतित और परेशान हो गए। उन्होंने ओझा के यहां ही इलाज कराना शुरू किया। ओझा ने जो कुछ भी कहा परिवारवालों ने ठीक वैसा ही किया इसके बाद भी सीमा की हालत में जरा भी सुधार नहीं आया। भ्रांतियों के चलते स्वास्थ्य को लेकर कई लापरवाही हो जाती हैं।
संयोग से उन्हीं दिनों सीमा की सहेली अपने परिचित के घर किसी काम से वहां आई। उसे सीमा की खराब सेहत की जानकारी मिली। वह तुरंत ही अपनी सहेली से मिलने उसके घर पहुंच गयी वहां सीमा की हालत देखकर बहुत दुखी हुई। उसने सीमा और उसके घरवालों को आंगनबाड़ी जाने की सलाह दी। सहेली की बात मानकर परिवारवालों ने सीमा को आंगनबाड़ी केंद्र भेजा। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता हेमलता शर्मा ने आशा एवं ए.एन.एम के माध्यम से उप स्वास्थ्य केंद्र में सीमा की जांच करवाई। जांच रिपोर्ट में पता चला की सीमा यादव को वायरल इन्फेक्शन हो गया है। इसके बाद सीमा यादव का उचित उपचार किया गया और सीमा के घरवालों को सलाह दी गई उसके खान-पान का विशेष ध्यान रखा जाए। सही समय पर आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के प्रयास काम कर गए, सीमा स्वस्थ हो गयी।
आंगनबाड़ी कार्यकर्ता हेमलता शर्मा ने सीमा का प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना में पंजीयन किया, और इसके तहत मिलने वाले लाभ देते हुए परामर्श भी दिया।
सिंगरौली जिले के समस्त आंगनबाड़ी केन्द्रों में समुदाय आधारित कार्यक्रम (सी.बी.ई) का आयोजन किया जा रहा है, जिनमें गर्भवती, धात्री एवं इनके परिवारजनों को केंद्र में एकत्रित कर पोषण एवं स्वास्थ्य सम्बन्धी दी जाती है इसी समुदाय आधारित कार्यक्रम में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता ने सीमा की गोदभराई का आयोजन किया। इस कार्यक्रम के लिए सीमा अपने परिवार के साथ जब आंगनबाड़ी पहुंची तो उसने देखा कि केंद्र में कुछ और गांव के लोग भी उपस्थित हैं। गोदभराई की रस्म के बाद आंगनबाड़ी कार्यकर्ता ने उचित खान-पान एवं साफ़ सफाई के बारे में समझाया। अब सीमा 4 माह की गर्भवती है और पूर्णतया स्वस्थ है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता द्वारा समय-समय पर गृह भेंटकर सीमा यादव एवं उसके घरवालो को पोषण सम्बन्धी जानकारी दी जा रही है ताकि मां और होने वाला बच्चा दोनों ही स्वस्थ रहें|
